रियाद/डेस्क: यमन में हूती विद्रोहियों और सऊदी अरब के बीच जारी तनाव के बीच मक्का को लेकर एक बड़ा सुरक्षा घटनाक्रम सामने आया है। सऊदी अधिकारियों के मुताबिक, मक्का की दिशा में एक ड्रोन के जरिए हमले की कोशिश की गई, जिसे सुरक्षा बलों ने समय रहते पहचानकर नष्ट कर दिया। अधिकारियों के अनुसार, घटना में किसी तरह के नुकसान की सूचना नहीं है। ड्रोन को मार गिराए जाने के बाद मक्का और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया गया है। सऊदी सिविल डिफेंस ने लोगों से सतर्क रहने और किसी भी आपात स्थिति में प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
मक्का के करीब ड्रोन पहुंचने का दावा
सऊदी प्रशासन के दावे के मुताबिक, यह घटना इसलिए भी गंभीर है क्योंकि ड्रोन मक्का के आसपास के क्षेत्र तक पहुंच गया था। हालांकि, हमले में किसी के हताहत होने या संपत्ति को नुकसान पहुंचने की जानकारी सामने नहीं आई है। घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने निगरानी बढ़ा दी है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अपुष्ट सूचनाओं और अफवाहों पर भरोसा न करें तथा केवल आधिकारिक जानकारी पर ध्यान दें।
यमन संघर्ष का बढ़ता असर
यमन में हूती विद्रोहियों और सऊदी समर्थित बलों के बीच जारी संघर्ष का असर पूरे क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था पर पड़ रहा है। हूती समूह की ओर से संघर्ष से संबंधित कई वीडियो भी जारी किए गए हैं, हालांकि उपलब्ध जानकारी के अनुसार इन वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। हालिया हिंसा में बड़ी संख्या में लोगों के मारे जाने और घायल होने की रिपोर्टें सामने आई हैं। बच्चों के भी हताहत होने की जानकारी दी गई है, हालांकि इन आंकड़ों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
हजारों लोग विस्थापित
संघर्ष के चलते यमन में बड़ी संख्या में लोगों के विस्थापित होने की खबर है। रिपोर्टों के मुताबिक करीब 94 हजार लोगों को अपना घर छोड़ना पड़ा है। इनमें 2 हजार से अधिक लोगों के समुद्री रास्ते से जिबूती पहुंचने की जानकारी भी सामने आई है। क्षेत्र में बढ़ते तनाव का असर बाब-अल-मंदेब जलडमरूमध्य पर पड़ने की आशंका भी जताई जा रही है। यह समुद्री मार्ग अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। यहां सुरक्षा जोखिम बढ़ने की स्थिति में वैश्विक समुद्री परिवहन और व्यापार पर असर पड़ सकता है।
मक्का पहले भी रहा है निशाने पर
मक्का की दिशा में हमले की कोशिश का दावा पहली बार नहीं किया गया है। वर्ष 2017 में भी हूती विद्रोहियों की ओर से मक्का की ओर मिसाइल दागे जाने की जानकारी सामने आई थी। उस समय सऊदी प्रशासन ने मिसाइल को रास्ते में रोकने का दावा किया था। रियाद को निशाना बनाए जाने की कोशिशें भी पहले सामने आती रही हैं। ताजा ड्रोन घटना के बाद मक्का में सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं और संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी गई है। फिलहाल यमन में जारी संघर्ष के बीच मक्का के आसपास ड्रोन पहुंचने की घटना ने क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। सऊदी प्रशासन की ओर से लोगों को सतर्क रहने और आधिकारिक निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है।
