कर्मचारियों की हड़ताल से उत्पादन प्रभावित, प्रबंधन पर गंभीर आरोप
हाइलाइट्स:
👉 29 महीने से वेतन नहीं मिलने पर आंदोलन शुरू
👉 HMBP प्लांट में उत्पादन पूरी तरह ठप
👉 HMTT और FFP में भी काम प्रभावित
👉 कर्मचारियों ने दी आंदोलन तेज करने की चेतावनी
👉 नए कार्मिक निदेशक की नियुक्ति की घोषणा

विस्तार:
रांची स्थित हेवी इंजीनियरिंग कॉरपोरेशन (HEC) में 29 महीने से लंबित वेतन को लेकर कर्मचारियों ने आंदोलन शुरू कर दिया है। वेतन नहीं मिलने से नाराज कर्मियों ने काम बंद कर प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी की, जिससे उत्पादन पर सीधा असर पड़ा है।
सबसे अधिक असर HMBP (हेवी मशीन बिल्डिंग प्लांट) में देखने को मिला, जहां उत्पादन पूरी तरह ठप हो गया है। वहीं HMTT (हेवी मशीन टूल्स प्लांट) और FFP (फाउंड्री फोर्ज प्लांट) में भी आंशिक रूप से काम प्रभावित हुआ है।
आर्थिक संकट से जूझ रहे कर्मचारी
कर्मचारियों का कहना है कि 29 महीने से वेतन नहीं मिलने के कारण उनकी आर्थिक स्थिति बेहद खराब हो चुकी है। परिवार का खर्च, बच्चों की पढ़ाई और रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करना मुश्किल हो गया है।
कर्मियों ने स्पष्ट कहा है कि जब तक बकाया वेतन का भुगतान नहीं होता, आंदोलन जारी रहेगा। प्रबंधन की ओर से अभी तक कोई ठोस आश्वासन नहीं मिलने से स्थिति और गंभीर होती जा रही है।
प्रबंधन पर गंभीर आरोप
एचईसी मजदूर संघ (BMS) के महामंत्री रमाशंकर प्रसाद ने आरोप लगाया कि कंपनी के पास करीब 13.5 करोड़ रुपये होने के बावजूद त्योहारों में भी वेतन नहीं दिया गया। उन्होंने इसे प्रबंधन का तानाशाही रवैया बताया।
उन्होंने यह भी कहा कि प्लांट में बुनियादी सुविधाओं का अभाव है। आपातकालीन स्थिति के लिए एम्बुलेंस तक उपलब्ध नहीं है, जिससे दुर्घटना के समय कर्मियों को निजी साधनों से अस्पताल ले जाना पड़ता है।
आंदोलन होगा और उग्र
मजदूर संघ ने चेतावनी दी है कि यदि वेतन, सुरक्षा, कैंटीन सुविधा और CPF लोन जैसी मांगें पूरी नहीं हुईं, तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
नए कार्मिक निदेशक की नियुक्ति
इस बीच, भारी उद्योग मंत्रालय ने कृष्णेंदु कुमार घोष को एचईसी का नया कार्मिक निदेशक नियुक्त किया है। वे वर्तमान में BHEL में HGM पद पर कार्यरत हैं और 23 अप्रैल के बाद मनोज लकड़ा का स्थान लेंगे।
फिलहाल, आंदोलन के चलते एचईसी के उत्पादन और वित्तीय संचालन पर दबाव बढ़ता जा रहा है, जिससे आने वाले दिनों में हालात और बिगड़ने की आशंका जताई जा रही है।
