नए साल के आगमन पर देश के शीर्ष नेतृत्व ने विकास, संकल्प और समृद्ध भविष्य की कामना के साथ जनता को दिया संदेश
Highlights :
- नए साल 2026 की शुरुआत नई उम्मीदों और संकल्पों के साथ
- राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने देश-विदेश के भारतीयों को दी बधाई
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आत्मविश्वास और प्रेरणा का संदेश दिया
- मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने झारखंड के भविष्य को लेकर साझा किया विजन
- 2050 तक समृद्ध, न्यायपूर्ण और सतत झारखंड का लक्ष्य दोहराया
विस्तार:
नए साल की शुरुआत नई ऊर्जा, नई उम्मीदों और सकारात्मक सोच के साथ हुई है। यह समय बीते वर्ष से सीख लेकर आगे बढ़ने का है। नव वर्ष हर व्यक्ति को नए लक्ष्य तय करने और उन्हें पूरा करने की प्रेरणा देता है। देश और प्रदेश में लोग सुख, शांति और समृद्धि की कामना कर रहे हैं। इसी अवसर पर देश के शीर्ष नेताओं ने जनता को शुभकामनाएं दी हैं।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने नव वर्ष की बधाई दी
नव वर्ष के उल्लासपूर्ण अवसर पर, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने देश और विदेश में बसे सभी भारतीयों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कामना की कि नया साल सभी के जीवन में सुख, शांति और प्रगति लेकर आए।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नव वर्ष की दी बधाई
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को नव वर्ष 2026 की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह वर्ष हर किसी के लिए नई आशाएं, नए संकल्प और नया आत्मविश्वास लेकर आए। उन्होंने कहा कि नया साल सभी को जीवन में आगे बढ़ने और राष्ट्र निर्माण में योगदान देने की प्रेरणा दे।
संस्कृत संदेश:
ज्ञानं विरक्तिरैश्वर्यं शौर्यं तेजो बलं स्मृतिः।
स्वातन्त्र्यं कौशलं कान्तिर्धैर्यं मार्दवमेव च ॥

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने X.com पर नव वर्ष की बधाई दी
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने नव वर्ष 2026 की सभी को हार्दिक बधाई, शुभकामनाएं और जोहार कहा। उन्होंने कहा कि नया साल केवल कैलेंडर का परिवर्तन नहीं, बल्कि वीर पुरखों के सपनों के सोना झारखंड के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने स्मरण किया कि वर्ष 2025 में दिशोम गुरु शिबू सोरेन जी और महान आंदोलनकारी रामदास सोरेन जी का सशरीर अवसान हुआ, लेकिन आज वे प्रकृति की गोद से झारखंड को आशीर्वाद दे रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड ने संघर्ष, संकल्प और संभावनाओं की लंबी यात्रा तय की है और अब लक्ष्य स्पष्ट है—2050 तक एक समृद्ध, न्यायपूर्ण और सतत झारखंड का निर्माण। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अबुआ सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, सामाजिक सुरक्षा और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण को केंद्र में रखकर नीतियां लागू करेगी, ताकि विकास का लाभ अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुंचे।

