यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए चला विशेष अभियान, नियम तोड़ने वालों पर मौके पर कार्रवाई
Highlights:
- गिरिडीह शहर में अतिक्रमण और नो-पार्किंग के खिलाफ सख्त अभियान
- SDO श्रीकांत यशवंत विशपुते खुद सड़कों पर उतरे
- नो-पार्किंग में खड़े वाहन जब्त, ठेला-खोमचा हटाए गए
- नियम उल्लंघन पर मौके पर ही जुर्माना
- लगातार अभियान चलाने का प्रशासन का सख्त संदेश
विस्तार
यातायात व्यवस्था सुधारने सड़क पर उतरे SDO
गिरिडीह शहर में बिगड़ती यातायात व्यवस्था और बढ़ते अतिक्रमण पर लगाम लगाने के उद्देश्य से अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) श्रीकांत यशवंत विशपुते आज खुद सड़कों पर उतरे। प्रशासन की ओर से चलाए गए इस विशेष अभियान में उनका रुख पूरी तरह सख्त नजर आया और पूरे शहर में प्रशासनिक सख्ती का स्पष्ट संदेश गया।
नो-पार्किंग और अतिक्रमण पर कड़ी कार्रवाई
अभियान के दौरान शहर के प्रमुख चौक-चौराहों, बाजार इलाकों और व्यस्त सड़कों पर सघन जांच की गई। नो-पार्किंग जोन में खड़े दोपहिया और चारपहिया वाहनों को चिन्हित कर तत्काल जब्त कराया गया। वहीं सड़कों पर यातायात बाधित कर रहे ठेला-खोमचा को भी हटवाया गया।
नियम तोड़ने वालों में मचा हड़कंप
कार्रवाई के दौरान नियमों का उल्लंघन करने वालों पर मौके पर ही जुर्माना काटा गया। अचानक हुई इस सख्ती से वाहन चालकों और ठेला संचालकों में हड़कंप मच गया। कई वाहन चालक खुद ही अपने वाहन हटाते नजर आए।
SDO का सख्त संदेश
SDO श्रीकांत यशवंत विशपुते ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि शहर की सड़कों पर अव्यवस्था, अतिक्रमण और गलत पार्किंग किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि नो-पार्किंग में वाहन खड़े होने और अतिक्रमण के कारण अक्सर जाम की स्थिति बनती है, जिससे आम नागरिकों के साथ-साथ एम्बुलेंस और अन्य आपातकालीन सेवाओं को भी परेशानी होती है।
नियमित अभियान के निर्देश
SDO ने मौके पर मौजूद अधिकारियों और पुलिस बल को निर्देश दिया कि इस तरह की कार्रवाई को नियमित रूप से जारी रखा जाए और नियम तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएं, ताकि शहर की यातायात व्यवस्था स्थायी रूप से दुरुस्त हो सके।
अधिकारियों की रही मौजूदगी
इस अभियान के दौरान उपनगर आयुक्त प्रशांत कुमार लायक, यातायात इंस्पेक्टर दुहन टोपनो, नगर निगम के कर्मी और पुलिस जवान मौके पर मौजूद रहे। प्रशासन की इस कार्रवाई से आम नागरिकों ने संतोष जताया और उम्मीद की कि ऐसी सख्ती से गिरिडीह की यातायात व्यवस्था में सुधार होगा।
