झामुमो के नेतृत्व में इंडी गठबंधन की तरफ से रविवार को उलगुलान न्याय महारैली से लोकसभा चुनाव का शंखनाद होगा। साथ ही इंडी गठबंधन इस रैली के जरिए एकजुटता का भी परिचय देकर चुनावी मैदान में उतरेगा। इस रैली में गठबंधन के सभी उम्मीदवार मंच पर दिखेंगे।
वैसे तो इंडी गठबंधन अब तक 11 उम्मीदवारों की घोषणा कर चुका है। बची तीन लोकसभा सीटों रांची, जमशेदपुर और पलामू की घोषणा होनी बाकी है। रांची लोकसभा सीट कांग्रेस कोटे में है। इस सीट से सुबोधकांत सहाय की बेटी यशस्विनी सहाय का नाम सबसे आगे चल रहा है। इसके साथ मंत्री बन्ना गुप्ता के नाम की चर्चा केंद्रीय चुनाव समिति में चल रही है, जिस पर पार्टी निर्णय ले सकती है।
हालांकि, रांची लोकसभा के लिए सुबोधकांत सहाय की बेटी के नाम पर आलाकमान अंतिम निर्णय ले सकता है। जेएमएम कोटे की जमशेदपुर लोकसभा सीट से आस्तिक महतो और पार्टी के केंद्रीय महासचिव सह प्रवक्ता सुप्रियो भट्टाचार्य के नाम पर मुहर लग सकती है जबकि पलामू लोकसभा सीट राजद के खाते में है और इस सीट से आधिकारिक घोषणा होनी बाकी है।
सुबोधकांत सहाय की बेटी के नाम पर केंद्रीय नेतृत्व राजी होता है, तो चुनावी मैदान में कांग्रेस की तीन महिला उम्मीदवार होंगी। गोड्डा से प्रदीप यादव का नाम आगे था। ऐसे में धनबाद से अनुपमा सिंह का नाम आगे बढ़ाया गया। इसके पीछे दलील थी कि एक महिला उम्मीदवार को मैदान में उतारा जाये। अनुपमा सिंह का नाम तय होने के बाद प्रदीप यादव का मामला फंसा गया।
इसके बाद स्क्रीनिंग कमेटी ने दीपिका पांडेय सिंह का नाम आगे बढ़ाया और केंद्रीय नेतृत्व सहमत भी हो गया। अब इधर सुबोधकांत सहाय ने भी अपनी बेटी का नाम आगे बढ़ाया है। ऐसे में राज्य में भाजपा ने कोडरमा, सिंहभूम से महिला उम्मीदवारों को उतरा है जबकि इंडी गठबंधन ने सिंहभूम और गोड्डा से महिला प्रत्याशियों को मैदान में उतारा है।
