Sunday, February 15, 2026
Homeखबर स्तम्भधनतेरस को लेकर रांची में खरीदारी जोरो पर

धनतेरस को लेकर रांची में खरीदारी जोरो पर

RANCHI : प्राचीन सभ्यता हिंदू रीति के मान्यता के अनुसार हर वर्ष कार्तिक मास के कृष्ण भक्ति अमावस्या तिथि को दीपावली का पर्व मनाया जाता है और ठीक इससे दो दिन पहले त्रयोदशी तिथि को धनतेरस का त्यौहार होता है राजधानी रांची में भी इस त्यौहार को लेकर बाजार सज चुके हैं और खरीदारी भी देखी जा रही है.

दीपावली के अवसर पर उपयोग में आने वाली सारे सामानों की बिक्री बाजारों में देखी जा रही है जहां घरेलू सजावट में काम में आने वाले साज सजा की बिक्री हो रही है. वही घर-घर और अपने प्रतिष्ठानों में दीपावली के अवसर पर भगवान गणेश माता लक्ष्मी की पूजा को लेकर मूर्तियों की बिक्री भी देखी जा रही है.

धनतेरस के अवसर पर राजधानी रांची के बर्तनों के दुकानों में भी खरीदारी शुरू हो चुकी है घरेलू उपयोग में आने वाले बर्तन के साथ-साथ पूजा पाठ में काम में आने वाले बर्तन भी लोगों की पसंद बनी हुई है. वहीं बाजारों में दिवाली के पारंपरिक मिठाइयां और घरों के मुख्य द्वार पर और पूरे घर में चलने वाले दीपक का भी बाजार सच चुका है. दिवाली के अवसर पर आतिशबाजी भी देखी जाती है. उसे लेकर भी पटाखों का बाजार लग गया है हमारी परंपरा में धनतेरस के दिन झाड़ू खरीदना काफी शुभ माना जाता है और मान्यता है कि इस अवसर पर झाड़ू खरीदने से घर में लक्ष्मी का आगमन और वास होता है.

आर्थिक रूप से कमजोर लोग भी आज के दिन कम से कम झाड़ू की खरीदारी जरूर करते हैं वही घरौंदे में दिवाली के अवसर पर धान का लावा मिट्टी के बर्तन में भरकर रखने और पूजन करने की परंपरा होती है इसे लेकर भी बाजारों में बिक्री देखी जा रही है.

RELATED ARTICLES

Most Popular