गिरिडीह : शहरी क्षेत्र के धरियाडीह स्थित बनारसी लाल दास की पुत्री डॉक्टर प्रियंका कुमारी उजाला ने सीएसआईआर गाजियाबाद यूपी से पीएचडी फर्स्ट क्लास केमिकल साइंसेस में कर गिरिडीह जिला का नाम रोशन की है। इसकी जानकारी उन्होंने परिवार वालों के साथ रविवार को प्रेस वार्ता कर दी। 7 अक्तूबर को इन्हें डॉ अंबेडकर इंटरनेशनल सेंटर जनपत न्यू दिल्ली में मिनिस्ट्री ऑफ़ साइंस डॉ जितेंद्र सिंह डीजीसीआईआर N kalaiversity, आरएमटी यूनिवर्सिटी ऑस्ट्रेलिया के यूनिवर्सिटी प्रोफेसर सुरेश भार्गव प्रो मनोज कुमार धर निर्देशक ACSIR और अन्यगणमान्य लोगों की उपस्थिति में अवार्ड से सम्मानित किया गया। डॉ प्रियंका कुमारी उजाला ने बताया कि उनकी प्रारंभिक शिक्षा जैन विद्यालय से की। नोवी और दसवीं की पढ़ाई सर जैसी बोस बालिका उच्च विद्यालय से की। इसके बाद श्री आरके महिला कॉलेज से केमिस्ट्री में ग्रेजुएशन की पढ़ाई की और फर्स्ट क्लास रिजल्ट करते हुए कॉलेज के थर्ड टॉपर रही। यहां के बाद शिक्षा ग्रहण करने के लिए रांची गई मास्टर डिग्री प्राप्त किया। Dr प्रियंका कुमारी उजाला को सेंट्रल इंस्टीट्यूट और स्टेट इंस्टीट्यूट में रिसर्च फील्ड में दस साल से अधिक का अनुभव प्राप्त है। वर्तमान में एनपीडीएफ निकाला है जिसकी प्रक्रिया चल रही है। भविष्य में वैज्ञानिक बनकर देश का नाम रोशन करनी की इच्छा है।
इनके पिता बनारसी लाल दास ने बताया कि मेरी पत्नी राधा रानी दास की मृत्यु वर्ष 2008 में हो गई थी इसके बाद से परिवारों ने बहुत संघर्ष किया और आज इस मुकाम तक पहुंची बहन डॉक्टर भावना कुमारी भी रांची के एक कॉलेज में असिस्टेंट प्रोफेसर है उन्होंने भी बहन की इस उपलब्धि पर खुशियां जाहिर की वहीं इनके भाई दीपक कुमार उजाला और एकलव्य कुमार उजाला गिरिडीह में अधिवक्ता है बादल कुमार उजाला शिक्षक है रवैल कुमार दास संगीता कुमारी अनु कुमारी एवं अन्य परिवारों को भी शिक्षा से गहरा लगाव है।